गणेश चतुर्थी पर भगवान गणेश को प्रसन्न करने के ये हैं फायदे
गणेश चतुर्थी केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं है बल्कि यह आध्यात्मिक शांति पारिवारिक एकता और जीवन में सफलता लाने का एक माध्यम है। गणपति बप्पा की कृपा व्यक्ति के जीवन के हर क्षेत्र में संतुलन समृद्धि और सौभाग्य लाती है
जो लोग पूरे मन भक्ति और अनुशासन के साथ गणपति की पूजा करते हैं उन्हें जीवन के हर मोड़ पर सफलता और खुशी का अनुभव होता है
भगवान गणेश को प्रसन्न करने के प्रमुख लाभ>
>विघ्नों का नाश
बाधाओं का शमन
बाधाओं का शमन
गणेश को विघ्नहर्ता कहा जाता है अर्थात जीवन की बाधाओं को दूर करने वाले। यदि किसी व्यक्ति के काम बार-बार अटक रहे हों कानूनी अड़चनें आ रही हों या पारिवारिक कलह हो तो भगवान गणेश की पूजा से ये सभी बाधाएँ दूर हो सकती हैं।
उनके आशीर्वाद से कार्य में सफलता और निरंतर प्रगति मिलती है।

ज्ञान और बुद्धि की प्राप्ति>
गणेशजी को ‘बुद्धि का देवता’ माना जाता है। उनकी पूजा से स्मरण शक्ति एकाग्रता और निर्णय लेने की क्षमता बढ़ती है
विद्यार्थी प्रतियोगी परीक्षाएँ देने वाले या शोध कार्य करने वाले लोगों को गणपति की विशेष कृपा प्राप्त होने पर सफलता मिलती है
धन और समृद्धि>
गणेश जी को धन वैभव और समृद्धि का देवता भी माना जाता है
गणेश चतुर्थी व्यापारियों के लिए विशेष रूप से लाभकारी है क्योंकि यह आर्थिक उन्नति के मार्ग खोलती है
नौकरीपेशा लोगों के लिए पदोन्नति और नए अवसर मिलने की संभावना रहती है
घर में स्थायी धन आता है और खर्चों पर नियंत्रण रहता है
सकारात्मक ऊर्जा और शांति>
गणेश जी की पूजा करने से घर या कार्यस्थल पर सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
पूजा स्थल पर दीपक और धूप जलाने से वातावरण में पवित्रता आती है
नकारात्मक शक्तियाँ और नकारात्मक विचार दूर होते हैं जिससे मानसिक शांति बनी रहती है
परिवार में प्रेम और एकता>
गणेश जी की पूजा करने से परिवार के सदस्यों के बीच आपसी समझ और स्नेह बढ़ता है
यदि परिवार में कलह या मनमुटाव हो तो गणपति की पूजा करने और साथ मिलकर आरती गाने से मन की एकता आती है
रिश्तों में मधुरता और एक-दूसरे के प्रति सम्मान की भावना बढ़ती है
सफलता के नए मार्ग>
गणेश जी को ‘सिद्धिदाता’ भी कहा जाता है। उनकी कृपा से नए कार्यों में सफलता मिलती है
किसी भी बड़े प्रोजेक्ट यात्रा नौकरी या पढ़ाई बदलने से पहले गणपति पूजा शुभ मानी जाती है
वे आत्मविश्वास और साहस प्रदान करते हैं जिससे व्यक्ति नए अवसरों का लाभ उठा पाता है
कर्मों का शुभ फल और पापों का नाश>
गणपति की पूजा से पूर्वजन्मों के पाप और नकारात्मक कर्म भी कमज़ोर हो जाते हैं।
व्यक्ति के जीवन में सौभाग्य और शुभ घटनाएँ आती हैं।
धर्म और आस्था के मार्ग पर चलना आसान हो जाता है।

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गणेश चतुर्थी पर भगवान गणेश को प्रसन्न करने के उपाय
दूर्वा घास अर्पित करें > दूर्वा गणेश जी को अत्यंत प्रिय है। इसे अर्पित करने से वे शीघ्र प्रसन्न होते हैं
मोदक अर्पित करें > मोदक गणपति जी की प्रिय मिठाई है। 21 मोदक अर्पित करने से विशेष कृपा प्राप्त होती है।
मंत्र जाप > ॐ गं गणपतये नमः मंत्र का 108 बार जाप करें
लाल और पीले वस्त्र धारण करें > ये रंग गणपति जी को प्रिय हैं और पूजा के प्रभाव को बढ़ाते हैं
आरती और भजन > गणेश आरती और गणपति भजन गाने से घर में पवित्रता और सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है
दान और सेवा > गरीबों और ज़रूरतमंदों को भोजन और वस्त्र दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है।
श्री गणेश कथा सुनना > इस दिन गणेश जी की जन्म कथा सुनना या सुनाना शुभ होता है।
भगवान गणेश जी हिंदू धर्म में सर्वप्रथम पूजनीय देवता हैं, जिन्हें बुद्धि, समृद्धि और सफलता के देवता के रूप में पूजा जाता है। उन्हें विघ्नहर्ता (विघ्नों को दूर करने वाले) और शुभकर्ता (सफलता प्रदान करने वाले) भी कहा जाता है। गणेश जी को विशेष रूप से हर शुभ कार्य की शुरुआत में पूजा… pic.twitter.com/Oy4RZXiwcH
— अरुण कुमार सिंह (@Arunk750) October 22, 2024

